Punjab News | Political Update: पंजाब की राजनीति में उस समय political stir मच गई जब राज्य सरकार के तीन कैबिनेट मंत्रियों को अचानक Delhi visit के लिए तलब किया गया। इन मंत्रियों की Arvind Kejriwal meeting ने प्रदेश की सियासत में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है। इसे लेकर Cabinet Reshuffle in Punjab की अटकलें तेज हो गई हैं।
सूत्रों के अनुसार, पंजाब कैबिनेट मंत्री डॉ. रवजोत सिंह, हरदीप सिंह मुंडियां और मोहिंदर भगत को तत्काल दिल्ली पहुंचने के निर्देश दिए गए, जहां उनकी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के साथ high-level meeting हुई।
केवल बैठक या बड़े बदलाव की तैयारी?
हालांकि आधिकारिक रूप से इसे routine organizational discussion बताया जा रहा है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में इसके मायने कुछ और निकाले जा रहे हैं। माना जा रहा है कि यह बैठक केवल संगठनात्मक समीक्षा तक सीमित नहीं, बल्कि Punjab Government performance review, प्रशासनिक बदलाव और आगामी चुनावी रणनीति तय करने का अहम हिस्सा हो सकती है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुलाकात आने वाले दिनों में होने वाले major political changes in Punjab का संकेत भी हो सकती है।
कैबिनेट फेरबदल और विस्तार की चर्चा जोरों पर
पिछले कुछ समय से पंजाब में Cabinet Expansion and Reshuffle को लेकर चर्चाएं लगातार तेज हैं। सूत्रों का कहना है कि सरकार की परफॉर्मेंस को लेकर internal feedback लिया जा रहा है और कुछ विभागों में बदलाव की तैयारी भी चल रही है।
इसी क्रम में दलित उपमुख्यमंत्री (Dalit Deputy CM in Punjab) बनाए जाने की अटकलें भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई हैं। यदि ऐसा होता है तो यह राज्य की राजनीति में एक बड़ा सामाजिक और राजनीतिक संदेश माना जाएगा।
विधायक प्रो. बलजिंदर कौर भी रहीं मौजूद
जानकारी के अनुसार, दिल्ली में हुई इस अहम बैठक के दौरान इन तीनों मंत्रियों के साथ विधायक प्रो. बलजिंदर कौर भी मौजूद थीं। यह संकेत देता है कि बैठक का एजेंडा केवल कैबिनेट स्तर तक सीमित न होकर wider political strategy से जुड़ा हो सकता है।
आने वाले दिनों में हो सकता है बड़ा ऐलान
राजनीतिक सूत्रों का दावा है कि आने वाले कुछ दिनों में पंजाब सरकार में significant administrative and political announcements किए जा सकते हैं। ऐसे में यह दिल्ली बैठक बेहद अहम मानी जा रही है।
फिलहाल सभी की निगाहें पार्टी नेतृत्व के अगले कदम पर टिकी हुई हैं, जिससे साफ होगा कि यह बैठक review meeting थी या फिर Punjab cabinet reshuffle 2026 की शुरुआत।













