चंडीगढ़, 21 सितंबर 2025: पंजाबी संगीत जगत के मशहूर संगीतकार चरणजीत आहूजा का आज शाम मोहाली स्थित अपने निवास स्थान पर निधन हो गया। वे 72 वर्ष के थे और लंबे समय से लीवर कैंसर से जूझ रहे थे। उन्हें चंडीगढ़ के पीजीआई अस्पताल में इलाज चल रहा था।
आहूजा का निधन पंजाबी संगीत उद्योग के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने 1980 और 90 के दशक में कई हिट गानों की रचना की, जिनमें “की बनूं दुनियां दा” (1986), “ग़बरू पंजाब दा” (1986), “दुश्मनी जट्टां दी” (1993) और “तूफ़ान सिंह” (2017) शामिल हैं। उनकी रचनाओं ने पंजाबी संगीत को नई दिशा दी और उन्हें संगीत प्रेमियों के बीच विशेष पहचान दिलाई।
उनके निधन पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने शोक व्यक्त करते हुए कहा, “चरणजीत आहूजा जी के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। वे पंजाबी संगीत के सम्राट थे।” संगीत जगत की कई हस्तियों ने भी उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।
उनके परिवार में उनकी पत्नी संगीत आहूजा और तीन बेटे हैं। उनका अंतिम संस्कार 22 सितंबर को बलौंगी शमशान घाट पर किया जाएगा।
चरणजीत आहूजा का निधन पंजाबी संगीत जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उनकी रचनाएं हमेशा संगीत प्रेमियों के दिलों में जीवित रहेंगी।








