लेह/कारगिल, सितम्बर 2025 : लद्दाख एक बार फिर सुर्ख़ियों में है। राज्यत्व (Statehood) और संविधान की छठी अनुसूची (Sixth Schedule) के तहत विशेष दर्जा देने की माँग को लेकर बीते दिनों लेह की सड़कों पर बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए। यह प्रदर्शन धीरे-धीरे हिंसक रूप ले बैठे और हालात इतने बिगड़े कि प्रशासन को कर्फ्यू लगाना पड़ा।
हैडलाइन :
प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़पें हुईं, पत्थरबाज़ी और आगजनी की घटनाएँ सामने आईं।
चार लोगों की मौत हो गई, जबकि 70 से अधिक लोग घायल हुए, जिनमें पुलिसकर्मी भी शामिल हैं।
प्रदर्शनकारियों ने BJP कार्यालय और पुलिस वाहन में आग लगा दी।
प्रशासन ने तत्काल कर्फ्यू लागू किया और इंटरनेट सेवाएँ बंद कर दीं।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख माँगें :
लद्दाख को राज्य का दर्जा दिया जाए।
क्षेत्र को छठी अनुसूची (Sixth Schedule) में शामिल किया जाए ताकि स्थानीय लोगों की भूमि, संस्कृति और रोजगार सुरक्षित रहे।
लेह और कारगिल को अलग-अलग लोकसभा सीटें दी जाएं।
सरकारी नौकरियों में आरक्षण और स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया
लेह और आसपास के इलाकों में धारा 144/सार्वजनिक सभा पर प्रतिबंध लागू किया गया।
अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं।
केंद्र सरकार और स्थानीय संगठनों (Leh Apex Body व Kargil Democratic Alliance) के बीच अगली बैठक 6 अक्टूबर को प्रस्तावित है।








